हिन्दी का प्रचार सोशल मीडिया के साथ
Main Article Content
Abstract
हिन्दी भारत की राजभाषा है और भारतवर्ष के हिन्दी पढ़ने-लिखने और बोलने वाले ७०% लोग भी इस बात से अनभिज्ञ हैं। जिस देश को आजाद हुए ७९ साल से ऊपर हो गए, उस देश को आजादी के नाम पर एक राष्ट्रभाषा आज तक नहीं मिली। राजभाषा के रूप में लगातार हम हिन्दी का प्रयोग कर रहे हैं। हिन्दी के समाचार पत्र, हिन्दी की पत्र-पत्रिकाएँ, हिन्दी के न्यूज़ चैनल तथा हिन्दी भाषा पर आधारित तमाम चैनल हिन्दी के प्रचार में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। लेकिन आज की यह हकीकत है कि पुस्तकालयों में पाठक संख्या दिनों-दिन कम होती जा रही है। वहाँ पर सिर्फ अब वही नजर आ रहा है जो शिक्षण से जुड़े हैं, जिनके पास मोबाइल नहीं है, जिन्हें वहां पर बैठकर अध्ययन करना है और उसी अध्ययन के आधार पर अपनी जिंदगी की गाड़ी को रफ़्तार देनी है।
सोशल मीडिया हिन्दी के प्रचार-प्रसार का एक शक्तिशाली माध्यम बन गया है, जो युवाओं और आम जनता को अपनी बात कहने, संस्कृति साझा करने और वैश्विक स्तर पर भाषा को बढ़ावा देने का मंच देता है, जिससे फेसबुक, ट्विटर, व्हाट्सएप और यूट्यूब जैसे प्लेटफॉर्म्स पर हिन्दी का प्रयोग तेजी से बढ़ रहा है और यह भाषा घर-घर तक पहुंच रही है, भले ही ‘अंग्रेजी’ का चलन हो।
Article Details
Section

This work is licensed under a Creative Commons Attribution-NonCommercial-ShareAlike 4.0 International License.