तेजस्विनी चं. गुरूस्थलमठ. 2026. “हिन्दी साहित्य में संत काव्य की सामाजिक एवं सांस्कृतिक चेतना”. ಅಕ್ಷರಸೂರ್ಯ (AKSHARASURYA) 16 (06): 187 to 192. https://aksharasurya.com/index.php/latest/article/view/2243.